संजीवनी स्वास्थय बिमा योजना पे अपनी विचार धाराएं साज़ा करे

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Last Date Apr 01,2017 00:00 AM IST (GMT +5.30 Hrs)
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परिचय ...

परिचय

‘संजीवनी स्वास्थय बिमा योजना’ दमन और दीव के केन्द्र शासित प्रदेशों के प्रशासन द्वारा, दमन दिउ के निवासी नागरिकों के लिए शुरू की गई व्यापक स्वास्थ्य बीमा योजना है।

बीमा कवरेज सार्वजनिक क्षेत्र की साधारण बीमा कंपनी यूनाइटेड इंडिया इंश्योरेंस को.लिमिटेड द्वारा प्रदान की जाती है और दावा सेवाओं एम् दी (इंडिया) हेल्थकेयर सर्विसेज ( टीपीए) प.लिमिटेड द्वारा प्रदान किया जाएगा।

उद्देश्य

संजीवनी स्वास्थ्य बीमा योजना का मूल उद्देश्य इस योजना के लिए पात्र हैं, जो की पहचान कर रहे लाभार्थियों निम्न गुणवत्ता स्वास्थ्य देखभाल के लिए एक कम आय वाले परिवारों के लिए उपयोग में सुधार करने के लिए है:

1. BPL परिवार (गरीबी रेखा से नीचे )
2. निवासी जिनके परिवार की आय 1 लाख सालाना से कम है।
3. आवासीय परिवार(एपीएल परिवारों आदि)

हितग्राहियों को लाभ क्या प्राप्त हैं?

• लाभार्थियों को सेवाओं का पद प्राप्त करने के लिए किसी भी राशि का भुगतान करने की जरूरत नहीं है , कैशलेस सेवा प्रदान की जाती है । यह व्यापक स्वास्थ्य बीमा योजना (CHIS) के तहत कवर किया जाता है।
• इस योजना में प्रति वर्ष दो लाख रुपये तक , अस्पताल में भर्ती और सर्जरी की प्रक्रियाओं की कवरेज प्रदान की जाती है। प्रतिपूर्ति के प्रत्येक परिवार कुल राशि प्रति वर्ष परिवार के सदस्यों द्वारा व्यक्तिगत रूप से या सामूहिक रूप से लाभ उठाया जा सकता है।
• स्वास्थ्य सेवाओं और पहले से मौजूद बीमारियों के कवरेज के लिए प्रतिदिन की देखभाल के आधार पर प्रदान की जाती हैं।
• अस्पताल भोजन भत्ता के साथ –साथ,अस्पताल में भर्ती होने के एक दिन पहले से मुक्ति की तारीख से 5 दिनों के लिए सेवा प्रधान की जाती है।
• इस नीति को दुर्घटना में मृत्यु और प्रति व्यक्ति एक लाख रुपए की विकलांगता लाभ सहित मृत्यु बीमा के साथ बढ़ाया है:
• दुर्घटना के कारण:

१. स्थायी पूर्ण विकलांगता: प्रति व्यक्ति एक लाख रुपए ।
२. दुर्घटना में एक आंख / अंग कमी - प्रति व्यक्ति ५०००० रुपए।

• मातृ देखभाल और नवजात बच्चे को कवर किया जाएगा। यदि नवजात परिवार का छठा सदस्य हो, तब भी, इस योजना में वह अस्पताल से मां का निर्वहन तक कवर किया जाएगा।

लाभार्थियों के नामांकन की प्रक्रिया क्या है?

सभी लाभार्थी परिवारों को परिवार के सभी सदस्यों की बायो मीट्रिक छवियों के साथ स्मार्ट कार्ड जारी किए जाते हैं। स्थानीय प्रतिनिधि और मीडिया के माध्यम से घोषणा की सभी प्रमुख स्थानों - तालुका और गांव में नामांकन स्टेशनों के माध्यम से सरकार के अधिकारियों की मौजूदगी में यह बायोमेट्रिक चावी गठित किये जाते है।

लाभार्थी परिवार के सभी सदस्यों के साथ अपनी बायो मीट्रिक छवियों और फोटो देने के लिए आवश्यक दस्तावेज के साथ उपस्थित रह सकते हैं।

स्मार्ट कार्ड मौके पर ही अधिकृत एजेंसियों द्वारा जारी किया जाएगा।

लाभार्थी केवल नेटवर्क अस्पतालों सेवाओं का लाभ उठा सकते है जहा इस स्मार्ट कार्ड का और अंगूठे के निशान की पहचान करने का उत्पादन किया जाएगा।

अस्पताल में इलाज और पैकेज कोड के सभी विवरण भरे जाएँगे और लागत पैकेज के अनुसार अस्पताल के लिए सीधे भुगतान किया जाएगा।

यूटी प्रशासन, एक लाख प्रति साल के निचे आय वाले परिवारों और अधिवास परिवार (गरीबी रेखा से नीचे) के लिए प्रीमियम का भुगतान करेगा।

अन्य आवासीय परिवार सेवाओं का लाभ उठाने के लिए प्रीमियम राशि का भुगतान करेगा।

योजना की वैधता अवधि क्या है?

यह नीति एक साल की अवधि के लिए जारी किया जाता है और 3 साल के लिए अनुबंध के तहत नए सिरे से किया जाएगा।

दमन और दीव के केन्द्र शासित प्रदेशों ने इस बिमा योजना संबंध में टिप्पणी आमंत्रित कर रही है ताकि महत्वपूर्ण विचारों का विकल्प चुना जा सके और लाभार्थियों के लिए उपयोग में सुधार किया जा सके।

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15900
NANDAN SHERLEKAR 3 साल 4 महीने पहले

See attached video on YouTube. There are very few Doctors with such solutions. Our country with such large population cannot afford costly treatment. Developed countries they cover citizens with heavy insurance. It's a closed circle with costly medical education, costlydrugs, costly treatment, with a backup of insurance as you can't afford treatment . Our government policies should not get carried away with policy's of insurance companies as we will be into a trap as treatment will be costlier.

500
sagar mehta_3 3 साल 4 महीने पहले

koi group open nhi hone ke karan yahi post kar raha hu...hamari saari nadiyo pe ek chota sa area banana chahiye jaha pe log apne pooja path ka saman daal sake...aur use har mahine do mahine me saaf hona chahiye aur usko kahi fertilizer ke roop me use karna chahiye..isse saari nadiya bhi saaf rahe aur logo ke aastha pe thes bhi na pahuche...aur baki kahi fekne par bhari fine lagana chahiye...aur har jagah board bhi lagana chahiye ki saman waha daale taki log bahana na kar sake ki une pata nhi tha

2400
kumar koushik 3 साल 4 महीने पहले

"Sanjeevni swasthya bima yojana"
All things given in details are quite impressive but sir i want to draw your attention towards one point and that is,whenever someone go to hospital the first problem they have to face is lack of money.so if u suggest a card for the BPL families by which hey can get free treatment after showing the card either in govt hospital or private. But for that you have to make coloboration with govt as well as pvt hospitals regarding the facilities of card.

14840
Esver 3 साल 4 महीने पहले

All emergency patients,like accident,delivery pain,suffering from chronic pain,stroke,heart attack patients should be allowed to admit in any hospitals.To give the emergency treatment they should not ask payments,but after crossing critical line they can transferred to govt hospital or private hospital as per the patients wish.All insurance company should add this cash less facility in case of emergency to all the insured person in any hospitals.For not insured they reimburse from govt bank pay.

2000
ALOK SHARMA 3 साल 6 महीने पहले

आदरणीय मोदी जी,
प्रायः देखा जाता है कि, एक परिवार में यदि कोई व्यक्ति बीमार हो जाता है तो एक समृद्ध एवं खुशहाल परिवार इलाज करवाने में ही गरीब हो जाता है, इस समस्या के निदान के लिए मेरे निम्नलिखित सुझाव हैं-
१. सभी जन धन खाता धारकों के लिए एक मेडी क्लैम फण्ड हो.
२. सदस्यता लेने वाले खाता धारकों के खातों से प्रतिमाह १ या २ रूपये (या संभव अल्पतम राशि ) काटी जावे .
3. सदस्य्ता का एक कार्ड( एटीएम कार्ड जैसा) बने. जो हॉस्पिटल्स में वैलिड हो एवं इलाज में जो भी राशि व्यय हो वो इस फण्ड से ली जाये.